Last Updated:
कहते हैं कि एक कलाकार कभी नहीं मरता. वह अपनी कला के जरिए सदियों तक जिंदा रहता है. बॉलीवुड के इतिहास में कई ऐसे सितारे रहे हैं, जिन्होंने पर्दे पर अपनी एक्टिंग से सबको चौंका दिया, लेकिन उनकी आखिरी फिल्म सफल होने से पहले ही किस्मत ने उन्हें हमसे छीन लिया. चाहे वह सुशांत सिंह राजपूत की मासूमियत से भरी ‘दिल बेचारा’ हो या राजेश खन्ना की आखिरी फिल्म ‘रियासत’, ये फिल्में सिर्फ सिनेमा के प्रोजेक्ट नहीं थे, बल्कि सितारों का आखिरी संदेश भी थे. आज आपको 8 ऐसे महान बॉलीवुड सितारों के बारे में बताएंगे, जिनकी आखिरी फिल्मों ने न सिर्फ दर्शकों की आंखों में आंसू ला दिए, बल्कि यह भी साबित कर दिया कि जाते-जाते भी वे अपनी एक्टिंग की विरासत छोड़ गए.

नई दिल्ली. फिल्मों की दुनिया पर्दे पर जितनी रंगीन है, उतनी ही जीवंत भी है. जब कोई बड़ा सितारा इस दुनिया से चला जाता है, तो उसकी फिल्में उसकी सबसे बड़ी विरासत होती हैं. बॉलीवुड में ऐसे कई मौके आए हैं जब किसी कलाकार की मौत के बाद कोई फिल्म रिलीज हुई. इन फिल्मों को देखकर दर्शकों को बहुत इमोशनल अनुभव हुआ, यह जानते हुए कि वे इस सितारे को फिर कभी नए अवतार में नहीं देख पाएंगे.

1. सुशांत सिंह राजपूत (दिल बेचारा): सुशांत सिंह राजपूत की अचानक मौत ने पूरे देश को चौंका दिया. उनकी आखिरी फिल्म ‘दिल बेचारा’ साल 2020 में ओटीटी प्लेटफॉर्म पर रिलीज हुई थी. फिल्म में सुशांत का किरदार ‘मैनी’ कैंसर से जूझ रहा था, लेकिन वह जिंदगी को पूरी तरह से जीने की अहमियत बताता है. फिल्म के कई डायलॉग उनकी पर्सनल लाइफ की दुखद कहानी के साथ मिलकर, दर्शकों को रुला दिया. ‘दिल बेचारा’ को फैंस ने जो प्यार दिया, उसने इसे IMDb पर सबसे ज्यादा रेटिंग वाली फिल्मों में से एक बना दिया.

2. इरफान खान (अंग्रेजी मीडियम): इरफान खान एक ऐसे एक्टर थे, जिन्होंने बॉलीवुड से लेकर हॉलीवुड तक अपने टैलेंट का लोहा मनवाया. अपनी बीमारी का इलाज करवाते हुए, उन्होंने अपनी आखिरी फिल्म ‘अंग्रेजी मीडियम’ की शूटिंग पूरी की. मार्च 2020 में रिलीज हुई इस फिल्म में उन्होंने एक ऐसे पिता का रोल किया जो अपनी बेटी को पढ़ाने के लिए किसी भी हद तक जाने को तैयार रहता है. इरफान की आंखों का जादू और उनकी सादगी फिल्म के हर फ्रेम में महसूस होती थी. उनके निधन के बाद, यह फिल्म उनकी विरासत का एक अनमोल हिस्सा बन गई, जिसने हमें दिखाया कि एक सच्चा कलाकार शारीरिक तकलीफों के बावजूद अपनी कला को कभी नहीं छोड़ता.
Add News18 as
Preferred Source on Google

3. ऋषि कपूर (शर्माजी नमकीन): हिंदी सिनेमा के ‘चॉकलेट बॉय’ और बाद में एक कैरेक्टर एक्टर के तौर पर अपनी दूसरी पारी शुरू करने वाले ऋषि कपूर का गुजरना भी एक बड़ा सदमा था. ‘शर्माजी नमकीन’ की शूटिंग के दौरान उनका निधन हो गया. यह भारतीय सिनेमा में एक दुर्लभ पल था जब ऋषि कपूर ने फिल्म के आधे हिस्से में एक ही किरदार निभाया और बाकी हिस्सा परेश रावल ने पूरा किया. इस फिल्म में ऋषि कपूर का अभिनय उनकी एनर्जी और जिंदादिली का सबूत था. यह फिल्म उनके लिए शानदार विदाई साबित हुई, जिसने उनके फैन्स के चेहरों पर मुस्कान और आंसू ला दिए.

4. श्रीदेवी (मॉम): 2017 में आई ‘मॉम’ के साथ श्रीदेवी ने साबित कर दिया कि वह बॉलीवुड की सबसे दमदार एक्ट्रेस में से एक हैं. इस फिल्म में एक मां के बदले की कहानी को गंभीरता से दिखाने के लिए निधन के बाद उन्हें बेस्ट एक्ट्रेस का नेशनल अवॉर्ड से नवाजा गया था. हालांकि शाहरुख खान की ‘जीरो’ में भी उनका एक छोटा सा रोल था, लेकिन ‘मॉम’ लीड एक्ट्रेस के तौर पर उनकी आखिरी पूरी फिल्म थी. श्रीदेवी के जाने से सिनेमा के एक युग का अंत हो गया.

5. दिव्या भारती (शतरंज): 90 के दशक की सबसे पॉपुलर एक्ट्रेस में से एक और सफलता की युवा स्टार दिव्या भारती की मौत एक रहस्य बनी हुई है. उनकी अचानक मौत के बाद उनकी कई फिल्में रिलीज हुईं, जिनमें ‘शतरंज’ सबसे खास थी. 1993 में रिलीज हुई इस फिल्म में दिव्या की खूबसूरती और जिंदादिल चार्म देखकर किसी के लिए भी यकीन करना मुश्किल था कि वह अब हमारे बीच नहीं रहीं. उनकी कमी को पूरा करने के लिए, उस दौर की कई दूसरी फिल्मों में दूसरी एक्ट्रेस को उनकी जगह लेनी पड़ी.

6. विनोद खन्ना (गन्स ऑफ बनारस): बॉलीवुड के सबसे हैंडसम एक्टर में से एक माने जाने वाले विनोद खन्ना का फिल्मी करियर लंबा और असरदार रहा. उनकी आखिरी फिल्म ‘गन्स ऑफ बनारस (2020)’ उनके निधन के बाद रिलीज हुई. हालांकि यह फिल्म लंबे समय तक रुकी रही, लेकिन इसमें विनोद खन्ना की मौजूदगी ने दर्शकों को उनके अतीत की याद दिला दी. उनकी दमदार आवाज और करिश्माई पर्सनैलिटी इस फिल्म के जरिए भी जिंदा है.

7. धर्मेंद्र (इक्कीस): बॉलीवुड के ‘ही-मैन’ धर्मेंद्र ने दशकों तक सिनेमा पर राज किया. उनकी आखिरी फिल्म ‘इक्कीस’ थी, जिसे उनके करियर की आखिरी अहम फिल्मों में से एक माना गया. श्रीराम राघवन के डायरेक्शन में बनी इस फिल्म में धर्मेंद्र को आखिरी बार पर्दे पर देखना, दर्शकों को भावुक कर गया था. यह फिल्म एक वॉर हीरो की कहानी थी.

8. राजेश खन्ना (रियासत): हिंदी सिनेमा के पहले सुपरस्टार राजेश खन्ना का अंत जितना इमोशनल था, उनकी आखिरी फिल्म ‘रियासत’ भी उतनी ही खास थी. उन्होंने अपनी मौत से कुछ समय पहले ही फिल्म की शूटिंग पूरी की थी. हालांकि यह फिल्म 2014 में उनकी मौत के बाद रिलीज हुई, लेकिन इसने फैंस को अपने पसंदीदा सुपरस्टार को आखिरी बार बड़े पर्दे पर देखने का मौका दिया. फिल्म में उनके डायलॉग उतने ही फिलॉसॉफिकल थे, जितने उनकी अपनी जिंदगी का आखिरी पड़ाव.

